राफेल सौदे पर ऑडिट रिपोर्ट अभी तैयार नहीं: सीएजी

Team NewsPlatform | January 27, 2019

CAG questions raising bank guarantee in Rafael Deal

 

सीएजी (नियन्त्रक एवं महालेखापरीक्षक) ने राफेल विमान सौदे की ऑडिट रिपोर्ट अभी तैयार नहीं की है. द हिंदु की खबर के मुताबिक, इस मामले में दाखिल एक आरटीआई के जवाब में कैग ने ये जानकारी दी.

सीएजी ने आरटीआई के जवाब में कहा, “ऑडिट रिपोर्ट अभी तैयार नहीं की गई है, इसलिए इससे जुड़ी कोई भी जानकारी नहीं दी जा सकती है”. ऐसे में सीएजी का ये जवाब राफेल मामले में आए सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर कई गंभीर सवाल खड़े करता है.

बीते साल 14 दिसंबर को सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में दाखिल याचिकाओं को यह कहते हुए खारिज कर दिया कि राफेल डील संबंधी मामला सीएजी के साथ विचाराधीन है.

हालांकि बाद में कोर्ट की ओर से दिए गए फैसले के एक पैराग्राफ पर सवाल खड़े हो गए थे. जिसमें जिक्र था कि केंद्र ने राफेल विमानों के दाम कैग के साथ शेयर किए हैं, और कैग ने अपनी रिपोर्ट में विमान के दाम का ब्यौरा दिया है.

फैसले के मुताबिक केंद्र की ओर से कोर्ट को जानकारी दी गई थी कि कैग ने अपनी रिपोर्ट संसद में पीएसी (संसद की लोक लेखा समिति) के सामने पेश की है.

जानकारी दी गई थी कि रिपोर्ट का कुछ हिस्सा ही संसद के सामने रखा गया और सार्वजनकि क्षेत्र में है.

कोर्ट को दिए गए दस्तावेज से पता चलता है कि सरकार ने आधार मूल्य (बेसिक मूल्य) को छोड़कर राफेल एयरक्राफ्ट के मूल्य संबंधी जानकारी साझा नहीं की है.

जिसके बाद ये सवाल उठे कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले के पैरा नंबर 25 में जिस सीएजी रिपोर्ट की बात कही गई है वास्तव में उसका कोई अस्तित्व ही नहीं है.

ये पूरा मामला सामने आने के बाद केंद्र ने इस पर सफाई दी. साथ ही केंद्र ने राफेल डील को लेकर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के पैरा नंबर 25 के दो वाक्यों में संशोधन करने संबंधी याचिका कोर्ट में दी.

केंद्र की ओर से दलील दी गई कि कोर्ट ने सरकार की ओर से दी गई जानकारी की ‘गलत व्याख्या’ की है.

राष्ट्रीय कैंपेन सूचना का अधिकार के सह-संयोजक अनिल भारद्वाज ने कैग से आरटीआई दाखिल कर इस मामले में जवाब मांगा था. अनिल ने सीएजी से राफेल सौदे में रिपोर्ट तैयार होने की तारिख इसके अलावा रिपोर्ट सरकार को कब सौंपी गई और संसद में कब पेश की गई इसका ब्यौरा मांगा था. जिसके बाद 21 जनवरी को कैग की ओर से जवाब मिला.

ऐसे में सवाल ये उठता है कि जब राफेल मामले पर सीएजी की कोई रिपोर्ट अब तक मौजूद ही नहीं है तो पीएसी के साथ कौन सी रिपोर्ट साझा की गई है.

इस संबंध में 14 दिसंबर को आए सुप्रीम कोर्ट के फैसले में संशोधन करने संबंधी केंद्र की याचिका फिलहाल कोर्ट में लंबित है. इसके अलावा कोर्ट के फैसले के खिलाफ दायर याचिका पर भी फैसला आना बाकी है.


ताज़ा ख़बरें